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रात को सोने से पहले मोबाइल या डिजिटल गैजेट्स का इस्तमाल न करें
इंदौर. बढ़ती उम्र के बच्चों एवं युवाओं में चश्में के माइनस नंबर बढ़ने की रोकथाम हेतु उपाय व प्रबंधन, कॉन्टेक्ट लेंस की नई विधा, टीवी, कम्प्यूटर एवं मोबाइल से होने वाले दुष्प्रभावों से बचाव हेतु कारगर उपाय एवं अल्पदृष्टि हेतु नई तकनिकी, एवं लेंस की नई विधाओं एवं आधुनिक तकनीकी विषय पर शहर में 2 दिवसीय राष्ट्रीय दृष्टि दोष विशेषज्ञ सम्मेलन “दृष्टि मंथन” का आयोजन हुआ। यह सम्मेलन इंदौर डिविजनल आप्टोमेट्री वेलफेयर एसोसिएशन एवं आप्टोमेट्री काउंसिल ऑफ इंडिया के संयुक्त संयोजन से आयोजित हुआ।
“दृष्टि मंथन” के दुसरे दिन ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में कांफ्रेंस आयोजित की गई जिसमें मुख्य अतिथि नागपुर से आए अंतरराष्ट्रीय वक्ता आप्टोमेट्रिस्ट यशवंत साओजी मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित थे। इस आप्टोमेस्ट्रीस्ट कांफ्रेंस “दृष्टि मंथन” में देश भर से 300 Optometristशामिल हुए l मुख्य अतिथि यशवंत साओजी, आप्टोमेस्ट्री वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष शैलेन्द्र वैष्णव एवं सचिव धर्मेन्द्र आनिया, बैंगलोर से आई पॉला मुखर्जी द्वारा दीप प्रज्वलन किया गया ।
कार्यक्रम में नागपुर से आए अंतरराष्ट्रीय वक्ता आप्टोमेट्रिस्ट यशवंत साओजी ने कहा कि आज कल बढ़ती उम्र के बच्चों एवं युवाओं में चश्में के नंबर आ रहे हैं जिसके दुष्प्रभाव बढ़ते जा रहे हैं लेकिन आज हमारे पास नंबर बढ़ने की रोकथाम के लिए कई उपाय हैं। इंदौर के ऑप्टोमेट्रिस्ट को यह सीखना चाहिए जिससे कि जनता को फायदा मिले। चश्मा पहनने के अलावा भी हमें कई सारी चीज़ें करना चाहिए जिससे नंबर न बढ़े या कम से कम बढ़े।”

यशवंत साओजी ने आगे कहा ” लोग अपनी सेहत के बारे में जागरूक हैं जिसके लिए वे जिम जाते हैं, एक्सरसाइज करते हैं लेकिन आंखों की एक्सरसाइज एवं देखभाल कोई नहीं करता है। आँखों की मांस पेशियों को स्वस्थ रखने के लिए सभी को आँखों की एक्सरसाइज करना चाहिए। रात को सोने से पहले मोबाइल या डिजिटल गैजेट्स का इस्तमाल न करें ताकि आपकी नींद अच्छे से हो। साथ ही प्रतिदिन बच्चों को स्कूल टाइम के अलावा 90 मिनट बाहर खेलना चाहिए जिससे बहुत सारी आँखों की समस्याएं कम हो जाती है।”
इस अवसर पर बैंगलोर से आई पॉला मुखर्जी ने कहा ” कंप्यूटर , मोबाइल और टीवी के उपयोग से बच्चों को नहीं बचाया गया तो एक दिन ऐसा आएगा की सभी बच्चों को माइनस नंबर के मोटे चश्मे लगाना पड़ेंगे।
इस कॉन्फ्रेंस में इंदौर डिविजनल आप्टोमेट्री वेलफेयर एसोसिएशन के द्वारा ‘ ऑप्टोमेट्रिस्ट दृष्टि सुरक्षा की सजग प्रहरी ‘ के पोस्टर का भी विमोचन किया गया। कार्यक्रम का संचालन राष्ट्रीय कवि एवं ऑप्टोमेट्रिस्ट श्री शैलेन्द्र चोकड़े, एवं आभार नीलेश बांधव द्वारा व्यक्त किया गया।


